जाने क्यूँ तेरे नाम पर रोना आया

Oct 28, 2016, 12:05 PM
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जब बेगम अख़्तर को सनक सवार होती थी तो वो कई दिनों तक आस्तिकों की तरह कुरान पढ़तीं. लेकिन कई बार ऐसा भी होता था कि वो कुरान शरीफ़ को एक तरफ़ रख देतीं. जब उनकी शिष्या शांति हीरानंद उनसे पूछतीं, 'अम्मी क्या हुआ?' तो उनका जवाब होता, 'लड़ाई है अल्लाह मियाँ से!' बेगम अख़्तर की 42 वीं पुण्यतिथि पर रेहान फ़ज़ल की विवेचना