कन्हैया कुमार वामपंथ के लिए संजीवनी है?

Season 1 Episode 29  ·  Oct 10, 2018, 05:36 AM
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अपनी गलत नीतियों और कैडरों के बीच जातीय सोच विकसित होने के कारण सीपीआई और सीपीएम ने अपने आप को पूरी तरह से समाप्त कर लिया. यह तय हो चुका है कि कन्हैया कुमार 2019 में बतौर सीपीआई उम्मीदवार बेगूसराय लोकसभा सीट से महागठबंधन के साझा कैंडीडेट होंगे. सोशल मीडिया के जरिए वाम दलों से जुड़े नेताओं ने कन्हैया कुमार का प्रचार-प्रसार भी करना शुरू कर दिया है.